Tuesday, May 19, 2026
More
    Homeक्या फिर से लगेगा LockDown? डर का फायदा उठाकर स्कैमर्स खाली कर...

    क्या फिर से लगेगा LockDown? डर का फायदा उठाकर स्कैमर्स खाली कर रहे हैं लोगों के बैंक अकाउंट

    नई दिल्ली, 19 मई 2026 – आजकल सोशल मीडिया, व्हाट्सएप और यहां तक कि कुछ संदिग्ध वेबसाइटों पर एक भयानक अफवाह तेजी से वायरल हो रही है – “क्या फिर से लगेगा LockDown?” इस डर ने आम लोगों के मन में घर कर लिया है। लेकिन इससे भी बड़ा खतरा साइबर ठगों का है, जो इस अफवाह का फायदा उठाकर निर्दोष लोगों के बैंक खाते साफ कर रहे हैं। यदि आप भी सतर्क नहीं हुए, तो आपका अकाउंट भी खाली हो सकता है।

    lockdown

    कई मोर्चों पर बढ़ी चिंता – अर्थव्यवस्था से लेकर बीमारियों तक

    इस समय देश कई संकटों से जूझ रहा है। एक तरफ हंतावायरस (Hantavirus) और इबोला वायरस (Ebola virus) जैसे खतरनाक वायरसों की चर्चा है, जो पहले ही लोगों को स्वास्थ्य के प्रति सचेत कर चुके हैं। दूसरी तरफ, ईरान और अमेरिका के बीच लंबे समय से चल रहे तनाव ने भू-राजनीतिक अस्थिरता बढ़ा दी है। इसके अलावा, देश की इकॉनमी पहले से ही दबाव में है – महंगाई, बेरोजगारी और घटते विदेशी भंडार ने आम नागरिकों की चिंता और बढ़ा दी है।

    ऐसे माहौल में प्रधानमंत्री ने हाल ही में एक संबोधन में लोगों से तेल बचाने और जहां संभव हो घर से काम करने की अपील की है। यह अपील जहां पर्यावरण और संसाधनों के संरक्षण के लिए जरूरी थी, वहीं स्कैमर्स के लिए यह सुनहरा मौका बन गई। उन्होंने इस अपील को लॉकडाउन की अफवाह से जोड़कर एक ऐसा माहौल बना दिया है जहां लोग डर के कारण जल्दी-जल्दी गलत निर्णय ले रहे हैं।

    साइबर ठगों की नई चाल – आधिकारिक बनकर ठगी

    साइबर अपराधियों ने इस बार अपनी रणनीति बदल ली है। वे अब सीधे फोन कॉल या व्हाट्सएप मैसेज के जरिए खुद को सरकारी अधिकारी, पुलिस अधिकारी या आरबीआई (RBI) कर्मचारी बताते हैं। उनका कहना है:

    • “लॉकडाउन लगने वाला है, इसलिए बैंकों की सभी सेवाएं ऑनलाइन होंगी।”
    • “आपका बैंक अकाउंट बंद हो जाएगा यदि आपने अभी KYC अपडेट नहीं किया।”
    • “लॉकडाउन में नकदी नहीं मिलेगी, इसलिए हम आपके लिए डिजिटल ट्रांजेक्शन सेट कर रहे हैं।”

    जैसे ही कोई व्यक्ति इनकी बातों में आता है और अपनी निजी जानकारी – जैसे आधार नंबर, पैन कार्ड, बैंक डिटेल या मोबाइल पर आया ओटीपी शेयर करता है, कुछ ही सेकंड में उसके खाते से हजारों-लाखों रुपये गायब हो जाते हैं।

    पीड़ितों की बढ़ती संख्या – पूरे देश से मामले सामने

    नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल के अनुसार, पिछले 30 दिनों में इस तरह की धोखाधड़ी के 1,200 से अधिक मामले दर्ज किए गए हैं। सबसे ज्यादा शिकार वरिष्ठ नागरिक, छात्र और छोटे शहरों के ग्राहक हुए हैं।

    एक पीड़ित, जो दिल्ली के राजेंद्र नगर इलाके में रहते हैं, ने बताया:

    “मुझे एक कॉल आई जिसमें कहा गया कि एसबीआई का आधिकारिक हेल्पलाइन सेंटर बोल रहा है। उन्होंने कहा कि अगले महीने से पूरा देश लॉकडाउन हो रहा है, इसलिए अभी ऑनलाइन बैंकिंग एक्टिव नहीं है। उन्होंने मुझसे एक लिंक भेजा और पिन कोड मांगा। जैसे ही मैंने दिया, मेरे खाते से ₹50,000 निकल गए।”

    सरकार और साइबर सेल की चेतावनी – अभी LockDown की कोई योजना नहीं

    प्रधानमंत्री कार्यालय और गृह मंत्रालय ने साफ तौर पर कहा है कि देश में अभी किसी भी प्रकार के लॉकडाउन की कोई योजना नहीं है। यह महज एक अफवाह है जिसे स्कैमर्स फैला रहे हैं। साइबर सेल ने जनता से अपील की है:

    • बैंक कभी भी फोन पर ओटीपी, डेबिट कार्ड पिन या पासवर्ड नहीं मांगता।
    • कोई भी KYC अपडेट केवल बैंक की शाखा में या आधिकारिक एप/वेबसाइट के जरिए होता है।
    • यदि आपको ऐसा कोई कॉल आता है, तो तुरंत 1930 पर साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराएं।

    स्कैमर्स से कैसे बचें? – 10 जरूरी सावधानियां

    क्रमसावधानी
    1बिना पुष्टि के लॉकडाउन संबंधी किसी भी मैसेज को फॉरवर्ड न करें।
    2किसी अनजान कॉलर को अपना आधार, पैन, बैंक डिटेल, CVV या ओटीपी न बताएं।
    3अपने मोबाइल पर आए अनजान लिंक पर क्लिक न करें।
    4सरकारी योजनाओं के लिए केवल सरकारी वेबसाइट (जैसै .gov.in) देखें।
    5ईमेल या एसएमएस के जरिए आई बैंकिंग नोटिफिकेशन को क्रॉस चेक करें।
    6पीएम की किसी भी अपील के बारे में मूल स्रोत से जानकारी प्राप्त करें।
    7स्कैम कॉल को रिकॉर्ड करें और साइबर सेल को भेजें।
    8मोबाइल में एंटी-वायरस और फ्रॉड प्रोटेक्शन ऐप लगाएं।
    9बैंक अकाउंट में टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन जरूर लगाएं।
    10परिवार के बुजुर्गों को इस तरह की ठगी से बचाने के लिए उन्हें ट्रेनिंग दें।

    अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs) – लॉकडाउन और ठगी से जुड़े सवाल

    प्रश्न 1: क्या भारत में मई-जून 2026 में फिर से लॉकडाउन लग सकता है?
    उत्तर: अभी केंद्र और राज्य सरकारों की ओर से ऐसी कोई घोषणा नहीं की गई है। यह पूरी तरह अफवाह है।

    प्रश्न 2: अगर मुझसे स्कैमर्स ने पैसे ले लिए हैं तो मैं क्या करूं?
    उत्तर: तुरंत अपने बैंक को कॉल करें, लेनदेन फ्रीज कराएं और साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें।

    प्रश्न 3: क्या सरकार ने घर से काम करने के लिए कोई निर्देश जारी किया है?
    उत्तर: प्रधानमंत्री ने तेल और ऊर्जा बचाने के उद्देश्य से कुछ संस्थानों में वर्क फ्रॉम होम की सलाह दी है, लेकिन यह अनिवार्य नहीं है और न ही इसका मतलब लॉकडाउन है।

    प्रश्न 4: क्या हंतावायरस या इबोला के कारण लॉकडाउन हो सकता है?
    उत्तर: अभी तक WHO या स्वास्थ्य मंत्रालय ने भारत में इन वायरसों को लेकर कोई महामारी घोषित नहीं की है। ऐसे में लॉकडाउन की कोई बात नहीं है।

    निष्कर्ष – घबराएं नहीं, सतर्क रहें

    आज के दौर में अफवाहें और साइबर ठगी आपकी जेब पर सीधा हमला कर सकती है। लॉकडाउन का डर ही स्कैमर्स का सबसे ताकतवर हथियार है। समय रहते सतर्क हो जाएं – किसी भी अनजान कॉल, मैसेज या लिंक पर तभी भरोसा करें जब उसकी आधिकारिक तौर पर पुष्टि हो जाए।

    याद रखें –
    ✔️ अफवाहों से दूर रहें।
    ✔️ सरकारी निर्देशों का पालन करें।
    ✔️ अपनी वित्तीय जानकारी को किसी भी कीमत पर सार्वजनिक न करें।

    सुरक्षित रहें, सावधान रहें – अपना और देश का भविष्य संभालें।


    यह लेख साइबर जागरूकता के उद्देश्य से लिखा गया है। अधिक अपडेट के लिए हमारी वेबसाइट से जुड़े रहें।

    यह भी पढ़ें : SSC परीक्षा विवाद : छात्र-शिक्षकों का जबरदस्त विरोध, दिल्ली चलो आन्दोलन

    यह भी पढ़ें : पाठ्यक्रम में मनुस्मृति और बाबरनामा: विश्वविद्यालय कीर्तन नहीं, अध्ययन की जगह है

    Gyan Zone
    Gyan Zonehttp://news.gyanzone.in
    "Get the latest news, exclusive reports, and trending stories from around the globe. Stay informed with our comprehensive coverage on current events, politics, entertainment, sports, and more."

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here

    Advertisingspot_img

    Popular posts

    My favorites

    I'm social

    0FansLike
    0FollowersFollow
    0FollowersFollow
    0SubscribersSubscribe
    Verified by MonsterInsights